POCSO ACT: हाईकोर्ट का चौंकाने वाला फैसला! ‘बच्चों के साथ ओरल सेक्स करना गंभीर अपराध नहीं’, दोषी की सजा भी घटाई-

ALLAHABD HIGH COURT: बच्चे के साथ ओरल सेक्स गंभीर यौन अपराध नहीं, ऐसे मामले में पॉक्सो एक्ट की धारा 6 और 10 के तहत सजा नहीं सुनाई जा सकती- Allahabad High Court ने बच्चे के साथ ओरल सेक्स को गंभीर यौन अपराध मानने से इंकार किया है। कोर्ट ने निचली अदालत से मिली सजा के … Read more

इलाहाबाद उच्च न्यायालय-लखनऊ बेंच ने कहा कि केवल इसलिए कि वाद्कर्ता एक वकील है तो उसे आपराधिक कार्यवाही में ख़ास दर्जा नहीं प्राप्त हो जाएगा

मात्र वकील होने से आपराधिक कार्यवाही में कोई ख़ास दर्जा नहीं प्राप्त हो जाएगा, उच्च न्यायालय-लखनऊ बेंच ने सेंट्रल बार एसोसिएशन लखनऊ से की अपील- इलाहाबाद उच्च न्यायालय-लखनऊ बेंच ने एक आपराधिक मामले में निष्पक्ष जांच की मांग वाली एक रिट पेटिशन का निपटारा करते हुए कहा कि केवल इसलिए कि वाद्कर्ता एक वकील है … Read more

वकील बनकर कोर्ट में स्थगन माँगने पर लॉ के छात्र पर दर्ज हुई FIR, इलाहाबाद हाई कोर्ट लखनऊ बेंच ने गिरफ़्तारी पर लगायी रोक-

हाल ही में, इलाहाबाद उच्च न्यायालय लखनऊ बेंच ने एक विधि (LAW STUDENT) छात्र की गिरफ्तारी पर रोक लगा दी, जो एक अधिवक्ता के साथ प्रशिक्षु (intern) कर रहा था। छात्र पर स्वयं को वकील के रूप में कोर्ट में पेश करने पर धारा 419, 420 एवं 171 आईपीसी के तहत अपराधों के लिए मुक़दमा … Read more

Allahabad High Court ने जिला जज जालौन के एक आदेश को रद्द किया, जज पर लगाया 21 हजार का हर्जाना

Allahabad High Court ने जिला जज जालौन (Jalaun) के एक आदेश को रद्द कर दिया है और निर्देश दिया है कि इस्तीफा स्वीकार कर उसकी तिथि से कार्यमुक्ति करें और रेलवे को आदेश प्रेषित करें। दरअसल जालौन के जिला न्यायाधीश ने रेलवे में चयनित जिला अदालत में कार्यरत कर्मी के इस्तीफे को अस्वीकार कर जांच … Read more

इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने आरोपी महिला को बेटी के प्रेमी की हत्या के जुर्म में दी जमानत-

इलाहाबाद हाई कोर्ट ने हाल ही में अपनी बेटी के प्रेमी की हत्या के आरोप में महिला को जमानत दे दी है। न्यायमूर्ति राजीव जोशी ने दाताराम सिंह बनाम उत्तर प्रदेश राज्य में सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर भरोसा करने के बाद सुलेखा को जमानत दे दी। हाई कोर्ट ने अपने दिए आदेश मे कहा गया, “दोनों … Read more

मृत वकील ने हाई कोर्ट के समक्ष एक नहीं तीन याचिकाएं दायर कर की बहस , कोर्ट के आदेश पर जांच शुरू, FIR दर्ज-

इलाहाबाद हाई कोर्ट को जब यह पता चला कि एक मृत वकील के नाम पर अदालत के समक्ष याचिका दायर की गई तब तुरन्त ही सज्ञान लेते हुए पुलिस में प्रथम सूचना रिपोर्ट First Information Report (FIR) दर्ज करने का आदेश दिया। न्यायमूर्ति समित गोपाल ने इस घटना पर विचार रखते हुए कहा कि जिस वकील के … Read more

इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने कहा की Article 226 के तहत उपचार तभी है जब चुनौती दी गई कार्रवाई सार्वजनिक कानून के दायरे में आए-

Allahabad High Court : उच्च न्यायालय ने हाल ही में कहा है कि भारतीय संविधान के अनुच्छेद 226 के तहत सार्वजनिक कर्तव्य या कार्य का निर्वहन करने वाले किसी प्राधिकारी/व्यक्ति के खिलाफ केवल तभी उपचार उपलब्ध होगा जब चुनौती के तहत कार्रवाई सार्वजनिक कानून के दायरे में आती है। कार्यकारी मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति मुनीश्वर नाथ भंडारी और … Read more

NDPS CASE : इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने 628.28 किलो गांजा की तस्करी के आरोपी को दी जमानत-

इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने हाल ही में 628.28 किलोग्राम गांजा की तस्करी के आरोपी एक व्यक्ति को जमानत दे दी है। न्यायाधीश न्यायमूर्ति चंद्रधारी सिंह ने नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सब्सटेंस एक्ट, 1985 (एनडीपीएस एक्ट) की धारा 8 और 20 के तहत दर्ज एक राजवीर सिंह को जमानत दे दी। याचिकाकर्ता को जमानत देते हुए अदालत ने कहा कि … Read more

शीर्ष अदालत द्वारा फर्जी दावा वाद दाखिला मामले में अधिवक्ताओं पर UP Bar Council को निर्देश, 15 नवंबर तक ऐसे सभी वकीलों की सूची सीलबंद लिफाफे में जमा करने का आदेश-

अदालत ने यह भी आदेश दिया कि संज्ञेय अपराध के आरोपित अधिवक्ताओं के नामों का खुलासा सीलबंद लिफाफे में किया जाए ताकि सूची आगे की कार्रवाई के लिए बार काउंसिल ऑफ इंडिया को भेजी जा सके। शीर्ष अदालत ने कहा कि अधिवक्ताओं द्वारा फर्जी दावा याचिकाएं दाखिल करने के गंभीर आरोपों के बावजूद यूपी बार … Read more

CrPC sec 125 ”एक पिता की अपने बेटे को भरण-पोषण देने की बाध्यता उसके बालिग होने पर भी समाप्त नहीं होगी”-उच्च न्यायलय

सुप्रीम कोर्ट ने लगातार यह माना है कि धारा 125 की अवधारणा एक महिला की वित्तीय पीड़ा को कम करने के लिए थी, जिसने अपना वैवाहिक घर छोड़ दिया था; यह बच्चों के साथ, यदि कोई हो, महिला के भरण-पोषण को सुरक्षित करने का एक साधन है- न्यायमूर्ति सुब्रमोनियम प्रसाद ने यह व्यक्त करते हुए … Read more