सुप्रीम अदालत ने हाई कोर्ट के फैसले को सही ठहराते हुए कहा की, एक ही मुकदमे पर भी लगाया जा सकता है गैंगस्टर एक्‍ट-

UP Gangster Act Verdict – शीर्ष कोर्ट Supreme Court के समक्ष आरोपी-अपीलकर्ता ने तर्क दिया कि केवल एक प्राथमिकी/आरोपपत्र FIR के आधार पर और वह भी एक हत्या के संबंध में, अपीलकर्ता को ‘गैंगस्टर’ और/या ‘गिरोह’ का सदस्य नहीं कहा जा सकता है। दूसरी तरफ इस याचिका का विरोध करते हुए, राज्य सरकार की तरफ … Read more

Cr.P.C. धारा 102 के अंतर्गत किसी भी रिश्तेदार का बैंक खाता ‘संपत्ति की परिभाषा’ के तहत आता है और जब्त किया जा सकता है: हाई कोर्ट

जम्मू-कश्मीर एवं लद्दाख उच्च न्यायालय ने "पाकिस्तानी नागरिक" कहकर निर्वासन की कार्रवाई पर लगाई रोक, IRP कांस्टेबल समेत चार याचिकाकर्ताओं को राहत

जम्मू और कश्मीर और लद्दाख उच्च न्यायालय ने एक याचिका पर सुनवाई के दौरान स्पष्ट किया है कि किसी आरोपी (जिसके अपराध की जांच की जा रही) के किसी भी रिश्तेदार का बैंक अकाउंट सीआरपीसी Cr.P.C. की धारा 102 के तहत संपत्ति की परिभाषा के अंतर्गत आता है। न्यायमूर्ति संजय धर की खंडपीठ ने आगे … Read more

फर्जी जाति प्रमाण पत्र के आधार पर प्राप्त नौकरी ‘शुरू से ही शून्य’ माना जाएगा, हाईकोर्ट ने दिए अनिवार्य सेवानिवृत्ति के आदेश-

मद्रास हाई कोर्ट Madras High Court ने अनुसूचित जाति Schedule Cast का फर्जी प्रमाणपत्र Fake Cast Certificate प्रस्तुत करके नौकरी पाने के मामले में एक कर्मचारी को अनिवार्य सेवानिवृत्ति देने और उसके पेंशन संबंधी लाभ में 60 फीसदी कटौती करने का निर्देश दिया। आरोपी चेन्नई के पास कलपक्कम स्थित इंदिरा गांधी परमाणु ऊर्जा केंद्र (IGCAR) … Read more

हाई कोर्ट ने कहा कि आपराधिक जांच के दौरान भी उत्तर पुस्तिका की प्रमाणित प्रति RTI के तहत दी जा सकती है-

कर्नाटक हाई कोर्ट Karnataka High Court ने राज्य सूचना आयोग State Information Beuro के एक आदेश को चुनौती देने वाली राज्य की एक याचिका को खारिज कर दिया, जिसमें प्राधिकरण को उन आवेदकों की प्रमाणित प्रतियां प्रदान करने का निर्देश दिया गया था जिन्होंने 2013 में सहायक लोक अभियोजक के पद के लिए आवेदन किया … Read more

‘Live-In Relationships’ सवैधानिक अधिकारों में आर्टिकल 21 का ‘बायप्रोडक्ट’ है जो तीव्र कामुक व्यवहार और व्याभिचार को बढ़ावा दे रहा है-

मध्य प्रदेश उच्च न्यायलय इंदौर पीठ Indore Bench of Madhya Pradesh High Court ने एक मामले की सुनवाई के दौरान कहा कि ‘लिव-इन रिलेशनशिप’ Live-In Relationships संविधान के अनुच्छेद 21 Article 21 of Indian Constitution के तहत मिले अधिकारों का ‘बायप्रोडक्ट’ Byproduct बन गया है। इसकी वजह से यौन अपराधों में वृद्धि हो रही है। … Read more

हाईकोर्ट ने लगाई बैंक को फटकार: महज 31 पैसा बकाया रहने पर SBI ने किसान को नहीं दी NOC-

गुजरात हाईकोर्ट Gujrat High Court ने भारतीय स्टेट बैंक State Bank of India को कड़ी फटकार लगाई है. बैंक ने एक किसान पर मात्र 31 पैसे बकाया रहने पर नो ड्यूज का प्रमाण पत्र जारी नहीं किया था. ये मामला गुजरात का है. टीओआई की रिपोर्ट के मुताबिक प्रदेश के एक किसान ने स्टेट बैंक … Read more

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने की सख्त कार्रवाई: शादी से पहले पति के खिलाफ रेप का झूठा केस दर्ज कराने वाली महिला पर लगाया 10 हजार का जुर्माना-

इलाहाबाद हाई कोर्ट

दुष्कर्म का झूठा आरोप लगाकर फर्जी प्राथमिकी दर्ज करवा दी थी। इसके बाद दवाब बनाकर समझौता करके महिला ने उसी युवक से शादी कर ली थी। इस मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट ने फटकार लगाते हुए महिला पर लगाया जुरमाना। जांच एजेंसी और कोर्ट दोनों को झूठे मामलों से निपटने में वास्तविक मामलों को परिणाम भुगतना … Read more

जज की पत्नी ने पति पर रिश्वत का आरोप लगाने वाले वकील पर दर्ज कराई FIR, हाई कोर्ट ने एसएसपी को दिया जांच का आदेश-

इलाहाबाद हाई कोर्ट Allahabad High Court ने सोमवार को मुजफ्फर नगर के एसएसपी SSP को व्यक्तिगत रूप से एक न्यायिक अधिकारी की पत्नी द्वारा वकील और दर्ज कराइ गई FIR 2022 का केस क्राइम नंबर 101, धारा 452, 387, 353, 506, 507 आईपीसी, पुलिस स्टेशन सिविल लाइंस के तहत, जिला मुजफ्फरनगर की जांच की निगरानी … Read more

मद्रास हाई कोर्ट ने Rape Victims के Two Finger Test पर तत्काल रोक का दिया आदेश, कहा ये निजिता और गरिमा के अधिकार का है उलंघन-

मंदिर के अधिशेष धन का उपयोग शॉपिंग कॉम्प्लेक्स बनाने के लिए नहीं किया जा सकता - मद्रास उच्च न्यायालय

Two Finger Test on Rape Victim – रेप पीड़ितों Rape Victim पर होने वाले टू-फिंगर टेस्ट पर मद्रास हाईकोर्ट Madras High Court ने तत्काल प्रभाव से रोक लगाने के आदेश दिए हैं। कोर्ट ने राज्य सरकार को इस पर प्रतिबंध लगाने का आदेश दिया है। निजिता और गरिमा के अधिकार का है उलंघन- जस्टिस आर. … Read more

हाईकोर्ट: ससुर गवर्नमेंट सर्विस में इसके बाद भी बहू को अनुकंपा नियुक्ति दी जाए-

ससुर को बहू के परिवार का सदस्य नहीं माना जा सकता- छत्तीसगढ़ उच्च न्यायलय ने अनुकंपा नियुक्ति को लेकर एक अहम फैसला दिया है. हाईकोर्ट ने कहा है कि ससुर गवर्नमेंट सर्विस में इसके बावजूद बहू को अनुकंपा नियुक्ति दी जाए. ससुर को बहू के परिवार का सदस्य नहीं माना जा सकता. न्यायमूर्ति पी सैम … Read more