सुप्रीम कोर्ट ने यूपी मदरसा बोर्ड एक्ट – 2004 को संवैधानिक घोषित किया, हाई कोर्ट का निर्णय निरस्त

Supreme court of india

सर्वोच्च न्यायालय ने दोहराया है कि संविधान के मूल ढांचे के उल्लंघन के लिए किसी क़ानून की संवैधानिक वैधता को चुनौती नहीं दी जा सकती। इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने उत्तर प्रदेश मदरसा शिक्षा बोर्ड अधिनियम, 2004 को इस आधार पर असंवैधानिक माना है कि यह धर्मनिरपेक्षता के सिद्धांत और संविधान के अनुच्छेद 14 और 21ए … Read more

अस्थायी कर्मचारियों को पेंशन लाभ से वंचित करना न्यायोचित नहीं: सुप्रीम कोर्ट ने पेंशन लाभ सहित छठे केंद्रीय वेतन आयोग के लाभ प्रदान करने का दिया निर्देश

मानव तस्करी के लिए मजबूत कानूनी ढांचे की मांग वाली PIL पर Supreme Court ने कहा की पीड़ितों को सुरक्षा की जरूरत और फैसला सुरक्षित रखा

सर्वोच्च न्यायालय ने कुछ अनिवार्य बचत योजना जमा (एसडीडी) निधि अस्थायी कर्मचारियों को संशोधित वेतनमान नियम, 2008 के तहत पेंशन लाभ सहित छठे केंद्रीय वेतन आयोग के लाभ प्रदान करने का निर्देश दिया। अपीलकर्ताओं की ओर से विशेष अनुमति से वर्तमान अपील प्रस्तुत की गई है, जिसमें रिट याचिका (सिविल) संख्या 3543/2017 में दिल्ली उच्च … Read more

जाति आधारित योजनाओं को बीपीएल व्यक्तियों तक बढ़ाने के लिए दायर जनहित याचिका पर न्यायिक समीक्षा की सीमाओं पर विचार करते हुए ‘खुद को अक्षम’ पाते हैं इलाहाबाद हाईकोर्ट

इलाहाबाद हाईकोर्ट

इलाहाबाद उच्च न्यायालय लखनऊ खंडपीठ ने पाया कि राज्य सहायता कार्यक्रमों को सभी गरीब नागरिकों को उनकी जाति या समुदाय से परे समान रूप से प्रदान करने के लिए दायर जनहित याचिका पर न्यायिक समीक्षा की सीमाओं के कारण वह ‘अक्षम’ है। लखनऊ खंडपीठ ने दोहराया कि अनुसूचित जातियों/जनजातियों/अन्य पिछड़ा वर्ग और अल्पसंख्यकों के लिए … Read more