सुप्रीम कोर्ट ने मर्डर केस में 17 साल जेल काटने के बाद दोषी को पाया नाबालिग, किया रिहा करने का आदेश-

सुप्रीम कोर्ट Supreme Court के सामने पेश की गई एक रिपोर्ट में कहा गया कि घटना के वक्त दोषी नाबालिग था और उस वक्त उसकी उम्र 17 साल 7 महीने और 23 दिन थी। सुप्रीम कोर्ट ने दोषी को जूवेनाइल Juvenile मानते हुए रिहा करने का निर्देश दिया है। हत्या मामले Murder Case में 17 … Read more

सुप्रीम कोर्ट का अहम निर्णय कहा: हत्या के मामले में मकसद का ना होना आरोपी के हक में-

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Supreme Court Key Verdict in Murder Case: सुप्रीम कोर्ट ने 2014 में छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय द्वारा सुनाए गए आदेश को खारिज कर दिया। मामले में दोषी ठहराने और उम्रकैद की सजा सुनाने के निचली अदालत के आदेश को आरोपी ने उच्च न्यायालय में चुनौती दी थी, लेकिन उसकी याचिका को खारिज कर दिया गया था। … Read more

दूसरी निकाह के पहले तक तलाकशुदा मुस्लिम महिलाओं को मिलेगा पति से गुजारा भत्ता, इलाहाबाद हाईकोर्ट का बड़ा फैसला –

लखनऊ खंड पीठ, इलाहाबाद उच्च न्यायलय ने मुस्लिम महिलाओं के हक में महत्वपूर्ण फैसला सुनाया है। अदालत ने कहा कि तलाकशुदा मुस्लिम महिलाओं को भी दंड प्रक्रिया संहिता की धारा 125 के तहत पति से गुजारा भत्ता पाने का अधिकार है। वे इद्दत की अवधि के बाद भी दूसरा विवाह करने तक इसे प्राप्त करने … Read more

दो युवतियों के समलैंगिक विवाह पर हाई कोर्ट का अनुमति देने से इंकार कहा हि. वि. अधिनियम नहीं देता अनुमति-

Allahabad High Court Order on Same Sex Marriage इलाहाबाद उच्च न्यायलय ने दो युवतियों की तरफ से दाखिल की गई उस याचिका को खारिज कर दिया है. जिसमें उन्होंने दोनों के बीच विवाह को मान्यता देने का आग्रह किया गया था. जस्टिस शेखर कुमार यादव ने एक युवती की मां अंजू देवी की ओर से … Read more

सुप्रीम कोर्ट ने कहा की 1972-73 में सड़क के निर्माण के लिए इस्तेमाल की गई कुछ जमीनों को ‘‘अधिग्रहण’’ के रूप में मानें और उचित मुआवजा प्रदान करें-

उच्चतम न्यायालय Supreme Court ने हिमाचल प्रदेश सरकार Himanchal Pradesh Government को निर्देश दिया कि वह 1972-73 में सड़क के निर्माण के लिए इस्तेमाल की गई कुछ जमीनों को ‘‘अधिग्रहण’’ के रूप में मानें और उचित मुआवजा प्रदान करें। न्यायालय ने साथ ही कहा कि यह स्पष्ट है कि सरकार के इस कदम से जमीन … Read more

17 आपराधिक मामलों के HIV पीड़ित आरोपी को, सुप्रीम कोर्ट ने मानवीय आधार पर दी जमानत-

शीर्ष अदालत SUPREME COURT ने मानवीय आधार पर एक ऐसे एचआईवी HIV पीड़ित आरोपी को जमानत दी है, जिसके खिलाफ राजस्थान के अलग-अलग पुलिस थानों में 17 अपराधिक मामले पेडिंग हैं। राजस्थान उच्च न्यायलय RAJASTHAN HIGH COURT ने आरोपी की ओर से दायर सजा निलंबन की अपील को चार बार खारिज कर दिया था। आरोपी … Read more

क्या वेश्यालय में छापेमारी के दौरान मिले ग्राहको पर आपराधिक मुकदमा चलाया जा सकता है? जानिए हाईकोर्ट ने क्या कहा

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कर्नाटक हाई कोर्ट ने फैसला सुनाया है कि छापेमारी के दौरान वेश्यालय में मिले ग्राहक पर मुकदमा नहीं चलाया जा सकता है। न्यायमूर्ति एम नागरपासना की अगुवाई वाली एकल-न्यायाधीश पीठ ने बाबू एस द्वारा दायर एक याचिका की अनुमति दी और अनैतिक यातायात रोकथाम अधिनियम, 1956 की धारा 3, 4, 5, और 6 और धारा … Read more

सात जन्मो का बंधन, चन्द माह में ही गया विखर, सुप्रीम कोर्ट ने तलाक़ पर लगाई मोहर-

विवाह की गाँठ में सात जन्मों के बंधन की प्रतिज्ञा लेकर हमसफर बने एक युवा इंजीनियर दंपती का वैवाहिक जीवन मात्र एक साल में ही अलगाव की दिशा में मुड़ गया। विवाह के बाद दोनों में ऐसा वैचारिक टकराव हुआ कि पहले वे अलग रहने लगे और फिर अदालत के मध्यस्थता प्रयास भी विफल हो … Read more

बेंच और बार ‘न्याय के रथ’ के दो पहिये, दोनों समान हैं और कोई भी दूसरे से श्रेष्ठ नहीं-

जम्मू-कश्मीर एवं लद्दाख उच्च न्यायालय ने "पाकिस्तानी नागरिक" कहकर निर्वासन की कार्रवाई पर लगाई रोक, IRP कांस्टेबल समेत चार याचिकाकर्ताओं को राहत

जम्मू और कश्मीर और लद्दाख उच्च न्यायालय HIGH COURT OF JAMMU & KASHMIR AND LADAKHAT SRINAGAR ने हाल ही में देखा कि अधिवक्ता अदालत के अधिकारी हैं और न्यायाधीशों के समान सम्मान और सम्मान के पात्र हैं। न्यायमूर्ति संजय धर ने श्रीनगर के मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (Chief Judicial Magistrate) द्वारा की गई कुछ व्यापक टिप्पणियों … Read more

बॉम्बे हाई कोर्ट ने महाभारत के ‘भीष्म पितामह’ से अपनी तुलना करते हुए कहा, हर जगह शक्तियों का इस्तेमाल नहीं कर सकते-

मुस्लिम पुरुष को एक से ज्यादा शादियों का रजिस्ट्रेशन नहीं, बॉम्बे हाईकोर्ट के आदेश के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में याचिका खारिज

मुख्य न्यायाधीश दीपांकर दत्ता और न्यायमूर्ति एमजी सेवलीकर की पीठ ने याचिकाकर्ता जानकी चौधरी से उच्चतम न्यायालय या सक्षम प्राधिकार के पास जाने को कहा. मुख्य न्यायाधीश दत्ता ने कहा, ‘‘आपने महाभारत पढ़ा या देखा है? उसमें भीष्म पितामह के पास कई शक्तियां हैं…लेकिन जब द्रौपदी का चीर हरण हुआ, तब वह अपनी किसी ताकत … Read more