इलाहाबाद उच्च न्यायलय ने पत्नी से दुष्कर्म के आरोपी सिपाही को राहत देते हुए लगाई उसकी गिरफ्तारी पर रोक

इलाहाबाद उच्च न्यायलय ने पत्नी से दुष्कर्म के आरोपी सिपाही को राहत देते हुए उसकी गिरफ्तारी पर रोक लगा दी है। इलाहाबाद उच्च न्यायलय ने सुनवाई करते हुए जौनपुर निवासी रणधीर पटेल व उनकी मां की गिरफ्तारी पर रोक लगा दी है। कोर्ट ने इस मामले में राज्य सरकार से दो हफ्ते में जवाब मांगा … Read more

हाई कोर्ट ने वकील के खिलाफ लॉ इंटर्न के बलात्कार के आरोप को रद्द करने से किया इनकार

कर्नाटक उच्च न्यायालय Karnataka High Court ने एक लॉ इंटर्न Law-Intern द्वारा उनके खिलाफ दर्ज कथित बलात्कार मामले में मंगलुरु के वकील राजेश केएसएन के खिलाफ आपराधिक कार्यवाही रद्द करने से इनकार कर दिया। न्यायमूर्ति एम नागप्रसन्ना ने कहा- “… इस समय इस अदालत के पास हस्तक्षेप करने, हस्तक्षेप करने या याचिकाकर्ता के खिलाफ बलात्कार, … Read more

इलाहाबाद हाई कोर्ट ने श्री कृष्ण जन्मभूमि मुक्ति निर्माण ट्रस्ट की वैज्ञानिक सर्वेक्षण के लिए आवेदन के निस्तारण की मांग वाली याचिका खारिज कर दी

इलाहाबाद हाई कोर्ट ने श्री कृष्ण जन्मभूमि मुक्ति निर्माण ट्रस्ट की याचिका खारिज कर दी है। न्यायमूर्ति जयंत बनर्जी की एकल पीठ ने श्री कृष्ण जन्मभूमि मुक्ति निर्माण ट्रस्ट द्वारा दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए यह आदेश पारित किया। याचिका निम्नलिखित प्रार्थना के साथ दायर की गई है- “(i) सिविल केस संख्या 12/2023 (श्री … Read more

सुप्रीम कोर्ट बैंक कर्मचारियों को सेवानिवृत्ति लाभों की गणना के लिए विशेष या महंगाई भत्ते को शामिल करने की दलीलों के एकीकरण के लिए नोटिस जारी किया

सुप्रीम कोर्ट ने हाल ही में भारतीय बैंक संघ (आईबीए) द्वारा दायर एक स्थानांतरण याचिका में विभिन्न उच्च न्यायालयों के समक्ष लंबित विभिन्न रिट याचिकाओं में उत्पन्न होने वाले मुद्दे से निपटने वाले सभी मामलों पर रोक लगा दी है कि क्या विशेष भत्ते या महंगाई भत्ते की गणना की जानी चाहिए। और विभिन्न बैंकों … Read more

सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली के एलजी को सिविल सेवकों पर नियंत्रण सौंपने वाले अध्यादेश पर अंतरिम रोक लगाने से किया इनकार; याचिका पर 17 जुलाई को होगी सुनवाई

सुप्रीम कोर्ट ने आज राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र दिल्ली सरकार (संशोधन) अध्यादेश 2023 पर अंतरिम रोक लगाने से इनकार कर दिया, जिसने दिल्ली सरकार में सेवारत सिविल सेवकों पर नियंत्रण दिल्ली सरकार से “छीन” लिया और इसे “अनिर्वाचित” को सौंप दिया। उपराज्यपाल”। जबकि पीठ ने याचिका पर नोटिस जारी करते हुए कहा कि वह स्थगन की … Read more

तेलंगाना HC ने ‘तेलंगाना किन्नर अधिनियम’ को रद्द करते हुए कहा कि ‘यह ट्रांसजेंडर व्यक्तियों के मानवाधिकार का उल्लंघन है..’

तेलंगाना उच्च न्यायालय (Telangana High Court) ने एक याचिका की सुनवाई के बाद ‘तेलंगाना किन्नर अधिनियम’ (Telangana Eunuchs Act) को असंवैधानिक बताते हुए रद्द कर दिया है। उनका ऐसा मानना है कि यह अधिनियम ट्रांसजेंडर व्यक्तियों के मानवाधिकारों का उल्लंघन करता है। इस अधिनियम को असंवैधानिक करार देते हुए रद्द करने के साथ-साथ अदालत ने … Read more

अग्रिम जममनात की अनुमति देने से पहले कोर्ट इन बातो का ध्यान आवश्यक रूप से रखना चाहिए – सुप्रीम कोर्ट

एक याचिका पर फैसला सुनाते समय उच्चतम न्यायालय (Supreme Court of India) ने टिप्पणी की है कि किसी भी मामले में व्यक्तिगत अधिकाओं का संरक्षण करने वाली अग्रिम जमानत (Anticipatory Bail) देने से पहले वो कौन सी बातें हैं, जिनका अदालत को ध्यान रखना होता है। जानकारी हो कि यह टिप्पणी उच्चतम न्यायालय के दो … Read more

पारिवारिक न्यायलय द्वारा सहमति से पारित किसी भी आदेश में अपील सुनवाई योग्य नहीं : हाईकोर्ट

स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव को अवमानना याचिका पर हाईकोर्ट में सशरीर रात 9:00 बजे उपस्थित होने का आदेश

झारखंड हाईकोर्ट Jharkhand High Court ने हाल ही में कहा कि फैमिली कोर्ट एक्ट, 1984 Family Court Act 1984 की धारा 19(2), सिविल प्रक्रिया संहिता Civil Procedure Code की धारा 96(3) के तहत प्रावधान के समान है, जो पक्षकारों की सहमति से पारित डिक्री की अपील को प्रतिबंधित करती है। पीठ ने कहा की पक्षकारों … Read more

नाबालिग का साक्ष्य दर्ज करने से पहले, न्यायिक अधिकारी को यह पता लगाना चाहिए कि क्या नाबालिग तर्कसंगत उत्तर दे सकता है: सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने मामले की सुनवाई करते हुए कहा कि किसी नाबालिग का साक्ष्य दर्ज करने से पहले, एक न्यायिक अधिकारी का यह कर्तव्य है कि वह उससे प्रारंभिक प्रश्न पूछे ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि क्या नाबालिग उससे पूछे गए सवालों को समझ सकता है और तर्कसंगत उत्तर जवाब देने की स्थिति … Read more

सुप्रीम कोर्ट ने TNEB को राशि वापस करने का निर्देश देते हुए कहा कि, कंपनी ने 10000 KVA की अधिकतम मांग से अधिक न तो बिजली मांगी और न ही खपत की

सुप्रीम कोर्ट ने तमिलनाडु बिजली बोर्ड TNEB को अपीलकर्ता कंपनी, मद्रास एल्युमीनियम कंपनी लिमिटेड को इस आधार पर राशि वापस करने का निर्देश दिया है कि उसने 10000 केवीए की अधिकतम मांग से अधिक न तो बिजली की मांग की और न ही खपत की। तीन जजों की बेंच में न्यायमूर्ति बी.आर. गवई, न्यायमूर्ति संजय … Read more