सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि यूपी बार काउंसिल अपने वकील को निर्देश न देकर “उदासीनता और असंवेदनशीलता” दिखा रही है, यह दुर्भाग्य है-
यह राज्य की बार काउंसिल और बार काउंसिल ऑफ इंडिया का कर्तव्य है कि वह गरिमा बनाए रखे और कानूनी पेशे की महिमा को बहाल करे। एसआईटी ने कहा 300,76,40,000/- की राशि का दावा करने वाली विभिन्न दावा याचिकाओं को खारिज कर दिया गया है यह अत्यन ही गंभीर है- सर्वोच्च न्यायलय ने दिनांक 05.10.2021 … Read more