‘भावनाओं का आदान-प्रदान ही वैवाहिक जीवन की आत्मा वरना शादी महज एक कानूनी बंधन’- हाई कोर्ट

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दिल्ली हाई कोर्ट Delhi High Court ने एक महिला को तलाक Divorce की मंजूरी देते हुए कहा कि भावनाओं के आदान-प्रदान के बिना विवाह महज एक कानूनी बंधन Only Legal Binding है. न्यायमूर्ति विपिन सांघी और न्यायमूर्ति जसमीत सिंह की पीठ ने आदेश में कहा, ऐसा नहीं है कि हर शादी, जहां युगल Couple काम … Read more

हाई कोर्ट ने ट्विटर से पूछा: यदि ट्रंप का खाता निलंबित हो सकता है तो देवी-देवताओं पर आपत्तिजनक पोस्ट करने वालों का क्यों नहीं-

एक्टिंग मुख्य न्यायाधीश विपिन सांघी और न्यायमूर्ति नवीन चावला की खंडपीठ ने कहा कि ऐसा प्रतीत होता है कि माइक्रो-ब्लॉगिंग प्लेटफॉर्म Micro Blogging Platform ने कठोर कदम तभी उठाए जब किसी पोस्ट या सूचना के बारे में संवेदनशील महसूस करता है। दिल्ली हाई कोर्ट Delhi High Court ने सोमवार को हिंदू देवी-देवताओं Hindu God Goddess … Read more

दिल्ली उच्च न्यायलय ने निचली अदालत के निर्णय को बरकरार रखा कहा: चेक बाउंस मामले में गंभीर परिणाम भुगतने होंगे-

निचली अदालत (Lower Court) के फैसले को बरकरार रखते हुए चेक बाउंस से जुड़े एक मामले में दिल्ली हाई कोर्ट (Delhi High Court) ने सख्त आदेश दिया है। न्यायमूर्ति रजनीश भटनागर (Hon’ble Justice Rajnish Batnagar) की पीठ ने कहा कि यदि नोटिस जारी करने और अवसर देने के बावजूद भुगतान नहीं किया गया तो गंभीर … Read more

नाबालिग बेटी का बाल देखभाल संस्थान में किया गया जबरन धर्म परिवर्तन, मां ने जेजे एक्ट के प्रावधानों को दी चुनौती और माँगा रुपया 5 करोड़ का मुआवजा-

बारामूला सांसद इंजीनियर राशिद को दिल्ली हाईकोर्ट ने दी दो दिन की कस्टडी परोल पर रखी कड़ी शर्तें

दिल्ली हाईकोर्ट ने शुक्रवार को किशोर न्याय (बच्चों की देखभाल और संरक्षण) अधिनियम, 2015 और किशोर न्याय (बच्चों की देखभाल और संरक्षण) मॉडल नियम, 2016 बाल कल्याण समितियों की संरचना, कार्य और शक्ति से संबंधित, के विभिन्न प्रावधानों के खिलाफ दायर एक याचिका पर नोटिस जारी किया। एक माँ ने शुक्रवार को दिल्ली हाई कोर्ट … Read more

विवाह से पहले किसी भी पक्ष द्वारा बीमारी को छिपाना धोखाधड़ी, 16 वर्ष पुरानी शादी को हाईकोर्ट ने किया रद्द-

Delhi High Court महिला ने दावा किया कि उसे कभी कोई मानसिक या शारीरिक बीमारी नहीं हुई है. कोर्ट ने उन्हें मेडिकल बोर्ड से जांच करवाने को कहा. लेकिन महिला ने मेडिकल टेस्ट कराने से भी इनकार कर दिया. याचिका में शख्स ने कहा कि उनकी शादी 10 दिसंबर, 2005 को हुई थी. उन्होंने आरोप … Read more

‘मैरिटल बलात्कार’ धारा 376 और ‘दहेज प्रताड़ना कानून’ धारा 498A का इस्तेमाल हिसाब चुकता करने के लिए हो रहा है, सुप्रीम कोर्ट ने चिंता जताई-

Misuse of IPC SEC 376 & 498A – भारतीय दंड संहिता की धारा 498 A विवाहिता स्त्रियों के साथ ससुराल में क्रूरता के मामले में लगाई जाती है। दहेज उत्पीड़न और दहेज के लिए हत्याओं के मामलों को देखते हुए 1983 में आईपीसी में धारा 498A शामिल की गई थी। विगत दिनों न्यायमूर्ति एस. अब्दुल … Read more

Supreme Court में याचिका, पूछा क्या हिंदी राष्ट्रीय भाषा है? बॉम्बे हाईकोर्ट ने NDPS Act में गिरफ्तार याची से कहा “हां” और खारिज की जमानत अर्जी-

दिल्ली हाईकोर्ट ने हाल ही में एक मामले में कहा था कि Article 22(5) अनुच्छेद 22(5) के तहत जरूरी है कि व्यक्ति को उसके Constitutional Rights मौलिक अधिकारों के बारे में उसी भाषा में जानकारी दी जाए वह उसके द्वारा अच्छी तरह समझी जाती हो। Supreme Court सर्वोच्च न्यायालय में हैदराबाद के एक तेलुगु भाषी … Read more

दिल्ली हाईकोर्ट की वकील से लेकर पुलिसकर्मी तक कईयों से कर डाली शादियाँ, जालसाजी के आरोप में शख्स गिरफ्तार-

Orissa ओडिशा में 54 साल के एक शख्स को भुवनेश्वर से गिरफ्तार किया गया है। आरोप है कि उसने 54 की उम्र में अब तक 14 महिलाओं से शादी रचाई है। भुवनेश्वर पुलिस उपायुक्त उमाशंकर दास ने इस मामले में जानकारी देते हुए बताया कि 54 वर्षीय आदमी के खिलाफ धोखाधड़ी की शिकायत दर्ज हुई … Read more

SUPREME COURT COLLEGIUM ने की हाईकोर्ट में जजों की नियुक्ति के लिए 18 नामों की सिफारिश की-

सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम

सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने दो हाईकोर्ट के लिए जज के रूप में 18 लोगों की नियुक्ति की सिफारिश की है। कॉलेजियम ने 1 फरवरी को हुई अपनी बैठक में दिल्ली हाईकोर्ट के लिए 6 और तेलंगाना हाईकोर्ट के जजो के रूप में नियुक्ति के लिए 12 नामों की सिफारिश की थी। इसके अलावा कॉलेजियम ने … Read more

हाई कोर्ट: आरोपी किसी तीसरे पक्ष को आपराधिक कार्यवाही में प्रतिनिधित्व करने के लिए नियुक्त नहीं कर सकता है, जैसे कि पावर ऑफ अटॉर्नी धारक-

दिल्ली हाई कोर्ट ने निर्णय दिया है कि आरोपी किसी तीसरे पक्ष को आपराधिक कार्यवाही में प्रतिनिधित्व करने के लिए नियुक्त नहीं कर सकता है, जैसे कि पावर ऑफ अटॉर्नी धारक। न्यायमूर्ति रजनीश भटनागर ने कहा कि आपराधिक मामलों में तीसरे पक्ष की उपस्थिति आपराधिक न्याय प्रणाली के उद्देश्य को विफल कर देगी, क्रिमिनल प्रक्रिया … Read more