HC ने पति के ‘सुसाइड नोट’ में उल्लिखित पत्नी के खिलाफ उकसावे के मामले को रद्द करने से किया इनकार

बेदखली की कार्यवाही शुरू करने से पहले किराएदार से परिसर खाली करने के लिए कहना 'आपराधिक धमकी' का मामला नहीं बनता : कलकत्ता हाईकोर्ट

कलकत्ता उच्च न्यायालय ने एक पत्नी द्वारा दायर धारा 482 सीआरपीसी आवेदन को खारिज कर दिया है, जिसमें उसने अपने मृत पति को आत्महत्या के लिए उकसाने के लिए आईपीसी की धारा 306 के तहत शुरू की गई आपराधिक कार्यवाही को रद्द करने की मांग की थी। मामला संक्षेप में- मृतक के छोटे भाई ने … Read more

जीएसटी ऑडिट: कलकत्ता HC ने माना कि समान अवधि के लिए एंटी इवेजन और रेंज अधिकारियों द्वारा शुरू की गई ऑडिट कार्यवाही अमान्य होगी

कलकत्ता उच्च न्यायालय की एक खंडपीठ ने माना है कि समान अवधि के लिए एंटी इवेजन और रेंज कार्यालय द्वारा शुरू की गई ऑडिट कार्यवाही केंद्रीय जीएसटी अधिनियम , 2017 के तहत अमान्य होगी। न्यायमूर्ति टीएस शिवगणनम और न्यायमूर्ति सुप्रतिम भट्टाचार्य मेसर्स आरपी बिल्डकॉन प्राइवेट लिमिटेड और अन्य की याचिका पर विचार कर रहे थे। … Read more

बेटा, बेटा होता है, सौतेले बेटे को नौकरी पाने का अधिकार… जानें अनुकंपा के आधार पर सरकारी नौकरी को लेकर HC का क्या आदेश

https://legaltoday.in/courts-decision-said-in-the-interest-of-the-consumer-it-is-not-necessary-for-the-patient-to-be-admitted-in-the-hospital-for-24-hours-for-the-medical-claim/

अदालत ने कहा है कि बेटा, बेटा होता है। सगा या सौतेला नहीं। अगर बेटा सौतेला है तो भी उसे अनुकंपा के आधार पर नौकरी पाने का अधिकार है। कलकत्ता उच्च न्यायलय ने अनुकंपा नियुक्ति को लेकर अहम फैसला दिया है। हाईकोर्ट ने कहा है कि एक सरकारी कर्मचारी के सौतेले बेटे को कर्मचारी की … Read more

कोलकाता HC बंगाल में ‘अवैध निर्माण और गुंडागर्दी’ मामले पर ‘योगी मॉडल’ की तारीफ, और कहा की जरूरत पड़े तो बुलडोज़र UP से किराए पर ले लो..’

कलकत्ता उच्च न्यायलय के न्यायमूर्ति अभिजीत गंगोपाध्याय ने अवैध निर्माण पर कड़ा रुख अपनाते हुए गुंडों-बदमाशों के खिलाफ सख्त संदेश दिया है। शुक्रवार 28 जुलाई को मानिकतला थाना क्षेत्र में अवैध निर्माण से संबंधित मामले की सुनवाई न्यायमूर्ति गंगोपाध्याय की पीठ में है। न्यायमूर्ति गंगोपाध्याय ने मामले की सुनवाई के दौरान उत्तर प्रदेश सरकार की … Read more

HC का परिवार में संपत्ति विवाद को लेकर महत्वपूर्ण निर्णय, पति द्वारा पत्नी के नाम पर संपत्ति खरीदने के लिए किया गया लेन-देन बेनामी सौदा नहीं

वर्तमान में संपत्ति खरीदने का आकर्षण सभी के जीवन में होता है और ज्यादातर व्यक्ति इस सम्बन्ध में येन केन प्रकारेण कोशिश करतें हैं की अधिकतम संपत्ति का अर्जन किया जाए। कभी कभी तो लोग इस प्रयास में अपनी आय के स्रोत से ज्यादा का प्रयास भी करते हैं। संपत्ति खरीदने से सम्बंधित एक मामले … Read more

जजों को न्यायालय में लंबित मामलों पर चैनलों को इंटरव्यू देने का कोई अधिकार नहीं: CJI

भारत के प्रधान न्यायाधीश CJI डॉ डी.वाई. चंद्रचूड़ ने सोमवार को कहा कि न्यायाधीशों को उनके समक्ष लंबित मामलों पर समाचार चैनलों को साक्षात्कार देने का अधिकार नहीं है। CJI डॉ डी.वाई. चंद्रचूड़ और न्यायमूर्ति पी.एस. नरसिम्हा ने तृणमूल कांग्रेस TMC के नेता अभिषेक बनर्जी के संबंध में एक समाचार चैनल को कलकत्ता उच्च न्यायालय … Read more

नाबालिक का जबरन अंडरगारमेंट्स उतारना भी बलात्कार के समान, कलकत्ता उच्च न्यायालय का महत्वपूर्ण निर्णय

कलकत्ता उच्च न्यायलय ने नाबालिक के साथ दुष्कर्म के मामले में एक अहम निर्णय जारी करते हुए कोर्ट ने दोषी को साढ़े पांच साल की कैद की सजा और 3,000 रुपये का जुर्माना बरकरार रखा। मामले में पीड़ित पक्ष की ओर से नाबालिग लड़की को बहला फुसला कर एकांत स्थान पर ले जाने और उसे … Read more

जमानत ले कर हाई कोर्ट में ट्रायल देखरहे ‘108 करोड़ घोटाले’ के आरोपी को जज ने तत्काल कराया गिरफ्तार, ये था मामला

बेदखली की कार्यवाही शुरू करने से पहले किराएदार से परिसर खाली करने के लिए कहना 'आपराधिक धमकी' का मामला नहीं बनता : कलकत्ता हाईकोर्ट

न्यायमूर्ति तीर्थांकर घोष ने ED एनफोर्समेंट डायरेक्टरेट की याचिका पर सुनवाई के दौरान दोनों आरोपियों शैलेश कुमारक पांडेय और प्रसेनजीत दास को कोर्ट रूम में बैठे देखा तो उनका पारा चढ़ गया। न्यायमूर्ति तीर्थांकर घोष ने ED एनफोर्समेंट डायरेक्टरेट को आदेश दिया कि वो दोनों को तत्काल कोर्ट रूम से ही गिरफ्तार करे और दोपहर … Read more

उच्च न्यायालय के पास विशेष तरीके से जांच करने का निर्देश देने की शक्ति नहीं है- सर्वोच्च न्यायालय

सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि उच्च न्यायालय के पास भारत के संविधान के अनुच्छेद 226 या 482 के तहत भी एक विशेष तरीके से जांच करने का निर्देश देने की शक्ति नहीं है। न्यायमूर्ति बीआर गवई और न्यायमूर्ति विक्रम नाथ की खंडपीठ ने टिप्पणी की कि क्या जमानत दी जानी है या नहीं, यह … Read more

धारा 300 CrPC की प्रयोज्यता पर अभियुक्त की याचिका पर धारा 227 CrPC के तहत डिस्चार्ज के स्तर पर विचार किया जाना चाहिए: SC

सुप्रीम कोर्ट Supreme Court ने कहा कि धारा 300 सीआरपीसी CrPC की प्रयोज्यता पर अभियुक्त की याचिका पर धारा 227 सीआरपीसी CrPC के तहत डिस्चार्ज के स्तर पर विचार किया जाना चाहिए। प्रस्तुत मामले में आरोपी ने ट्रायल कोर्ट के समक्ष धारा 227 सहपठित धारा 300(1) सीआरपीसी के तहत डिस्चार्ज एप्लिकेशन दायर किया था। न्यायमूर्ति … Read more