Landmark Judgment: हिमाचल प्रदेश में भूमि राज्य की अनुमति के बिना गैर-कृषक को हस्तांतरित नहीं की जा सकती: SC

दूरगामी कानूनी और अन्य परिणामों की मेजबानी के साथ एक बहुत ही महत्वपूर्ण कानूनी विषय पर फैसला सुनाते हुए, सर्वोच्च न्यायालय ने अजय डबरा बनाम प्यारे राम और अन्य शीर्षक वाले एक उल्लेखनीय, मजबूत, तर्कसंगत और हालिया फैसले में। 2019 की एसएलपी (सी) संख्या 15793 में, जिसे हाल ही में 31 जनवरी, 2023 को अपने … Read more

जमानत पर फैसला करते समय अदालतों को व्यक्तिगत स्वतंत्रता और समाज के बड़े हित के बीच संतुलन बनाना जरूरी : हाईकोर्ट

हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायालय ने हाल ही में देखा कि जमानत के सवाल का फैसला करते समय, अदालतों को व्यक्तिगत स्वतंत्रता और समाज के व्यापक हित के बीच एक नाजुक संतुलन बनाए रखना चाहिए। जस्टिस वीरेंद्र सिंह की बेंच ने कहा- “जमानत के सवाल का फैसला करते समय, यह न्यायालय का कर्तव्य है कि वह … Read more

सिर्फ प्राथमिकी दर्ज होने मात्रा और बिना उचित जांच किए कर्मचारी को सेवा से सरसरी तौर पर बर्खास्त करना, न्याय के नैसर्गिक सिद्धान्तों का उल्लंघन-

उच्च न्यायलय ने हाल ही में कहा है कि केवल एफआईआर दर्ज होने और उचित जांच किए बिना किसी कर्मचारी को सेवा से सरसरी तौर पर बर्खास्त करना न्याय के नैसर्गिक सिद्धान्तों का उल्लंघन है। न्यायमूर्ति सत्येन वैद्य की ओर से यह टिप्पणी आई: “इस प्रकार, याचिकाकर्ता को उचित प्रक्रिया अपनाए बिना संक्षेप कार्रवाई में … Read more

इलाहाबाद, उड़ीसा, गौहाटी, तेलंगाना, हिमांचल प्रदेश, कर्नाटक समेत देश के विभिन्न उच्च न्यायालयों में 8 न्यायाधीशों और 18 अतिरिक्त न्यायाधीशों की नियुक्ति-

कानून और न्याय मंत्रालय ने विभिन्न उच्च न्यायालयों में 18 अतिरिक्त न्यायाधीशों और 8 न्यायाधीशों की नियुक्ति को अधिसूचित किया है। नियुक्तियों का विवरण उच्च न्यायलय वार निम्न है- हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायालय- • न्यायिक अधिकारी सुशील कुकरेजा हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायालय के न्यायाधीश के रूप में नियुक्त• न्यायिक अधिकारी वीरेंद्र सिंह हिमाचल प्रदेश उच्च … Read more

सर्वोच्च न्यायालय ने उच्च न्यायालय के फैसले पर नाराजगी व्यक्त करते हुए किया रद्द और उच्च न्यायालय को दिया निर्देश कि इस मामले पर नए सिरे से करे विचार-

सुप्रीम कोर्ट ने टिप्पणी की कि उच्च न्यायालय का फैसला पूरी तरह से समझ से बाहर है और अदालत फैसले को रद्द करने का कारण नहीं समझ सकती है। उच्चतम न्यायलय Supreme Court ने हाई कोर्ट High Court के फैसले को देखते हुए कहा कि ये आदेश पूरी तरह से समझ से बाहर है और … Read more

आठ वर्ष सेवाकाल होने पर भी चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को मिलेगी पेंशन, सुप्रीम कोर्ट ने अपने आदेश में कहा –

हिमाचल उच्च न्यायलय के तीन जजों की पीठ के फैसले को सर्वोच्च न्यायालय के समक्ष चुनौती दी गई थी, जिसे सर्वोच्च न्यायालय ने निरस्त कर दिया- सुप्रीम कोर्ट Supreme Court ने पेंशन Pension से जुड़े एक मामले में महत्वपूर्ण निर्णय Important Decision सुनाया। सुप्रीम कोर्ट ने हिमाचल उच्च न्यायलय Himanchal High Court के निर्णय को … Read more

हाई कोर्ट ने कहा IPC की Sec 498A, 354 के तहत अपराधों के दोषसिद्धि की संभावना धूमिल है, समझौता का हवाला देते हुए FIR रद्द की-

हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायलय Himanchal Pradesh High Court ने पति के खिलाफ इंडियन पीनल कोड Indian Penal Code की धारा 498A, 354 के तहत दर्ज प्राथमिकी FIR को पक्षों के बीच ‘निपटान’ के आधार पर खारिज करते हुए उन्हें ‘बिना नैतिक अधमता वाले छोटे अपराध’ करार दिया है। न्यायमूर्ति संदीप शर्मा की एकल जज बेंच … Read more

सुप्रीम कोर्ट ने कहा की 1972-73 में सड़क के निर्माण के लिए इस्तेमाल की गई कुछ जमीनों को ‘‘अधिग्रहण’’ के रूप में मानें और उचित मुआवजा प्रदान करें-

उच्चतम न्यायालय Supreme Court ने हिमाचल प्रदेश सरकार Himanchal Pradesh Government को निर्देश दिया कि वह 1972-73 में सड़क के निर्माण के लिए इस्तेमाल की गई कुछ जमीनों को ‘‘अधिग्रहण’’ के रूप में मानें और उचित मुआवजा प्रदान करें। न्यायालय ने साथ ही कहा कि यह स्पष्ट है कि सरकार के इस कदम से जमीन … Read more

अभियुक्त के पास अगर नहीं है ज़मानतदार तब कानून में क्या है प्रावधान, जानिए विस्तार से केस विवरण के साथ –

CRPC BAIL

ज़मानत के लिए गिड़गिड़ाना तथा किसी व्यक्ति से अपने प्रकरण में प्रतिभू बनने हेतु निवेदन करना अपनी गरिमा एवं प्रतिष्ठा को ठेंस पहुंचाने जैसा है। यह गरिमा एवं प्रतिष्ठा किसी व्यक्ति को संविधान के अंतर्गत दिए गए मूल अधिकारों में निहित है। संपूर्ण भारत में कोई अभियुक्त (Accused) किसी अन्य स्थान पर निवास करता है … Read more

उच्च न्यायलय ने कहा: कोर्ट में ऐसे याची के लिए कोई जगह नहीं, जिसे न्यायपालिका पर विश्वास नहीं

न्यायपालिका की स्वतंत्रता में लोगों का विश्वास न केवल जनहित में है, बल्कि समाज के हित में भी सर्वोपरि है- लोगों के इसी विश्वास को बनाए रखने का दायित्व वकीलों, न्यायाधीशों, विधायकों और अधिकारियों का बनता है। हाईकोर्ट ने यह टिप्पणी नियुक्ति आदेशों को वापस लेने वाले ऑर्डर को चुनौती देने वाली याचिका को खारिज … Read more