देश की न्यायप्रणाली पर हावी हो रही ट्रोल आर्मी ? न्यायाधीशों को सता रहा बदनामी व् ट्रोल होने का डर-

एक लाइन में कहें तो ये घटना भारत की न्यायिक व्यवस्था और लोकतंत्र के लिए बहुत ही खतरनाक ट्रेंड की शुरुआत है. क्योंकि अगर ट्रोल आर्मी हमारे देश की अदालतों और जजों पर हावी हो जाएगी, उन्हें बदनामी और अपमान का डर दिखाएगी, तो न्याय बचेगा ही नहीं. जब कोई विवाद तमाम कोशिशों के बाद … Read more

अभियुक्त के पास अगर नहीं है ज़मानतदार तब कानून में क्या है प्रावधान, जानिए विस्तार से केस विवरण के साथ –

CRPC BAIL

ज़मानत के लिए गिड़गिड़ाना तथा किसी व्यक्ति से अपने प्रकरण में प्रतिभू बनने हेतु निवेदन करना अपनी गरिमा एवं प्रतिष्ठा को ठेंस पहुंचाने जैसा है। यह गरिमा एवं प्रतिष्ठा किसी व्यक्ति को संविधान के अंतर्गत दिए गए मूल अधिकारों में निहित है। संपूर्ण भारत में कोई अभियुक्त (Accused) किसी अन्य स्थान पर निवास करता है … Read more

Why Indian Judicial System Should Do Away With The Medieval Era Colonial Practice Of ‘My Lord’ And ‘Your Lordship’-

Why Indian Judicial System Should Do Away With The Medieval Era Colonial Practice Of ‘My Lord’ And ‘Your Lordship’

Requests By Individual Judges Not To Use ‘My Lord’ And ‘Your Lordship’ By – Dinesh Singh Chauhan, Advocate J&K High Court of Judicature, Jammu. Introduction– “You cannot force someone to respect you, but you can refuse to be disrespected” A quote, by someone unknown, truly encapsulates the natural principle of human tendencies, which, in all … Read more

Punjab and Haryana High Court order for setting ‘SIT’ for investigating Big “ECHS SCAM”-

Scams

A FIR has been lodged by the Army authorities under Sections 420, 465, 467, 468, 471, 120-B IPC at Amritsar Cantonment police station against 25 persons, including 15 doctors of various hospitals where, after investigation, the case against the doctors/ hospitals has been closed by the police,” the petitioner informed. Punjab & Haryana High Court … Read more

वसीम रिजवी के हिंदू बन जाने से, पत्नी-बच्चों के कानूनी एवं सामाजिक अधिकारों पर क्‍या होगा जानिए-

परिवार में संपत्ति, शादी, तलाक समेत हर तरह की प्रक्रिया परिजनों के मुस्लिम धर्म के मुताबिक ही चलेगी शिया वक्‍फ बोर्ड के पूर्व चेयरमैन वसीम रिजवी (Wasim Rizvi) ने इस्लाम धर्म छोड़कर हिंदू धर्म अपना लिया है. सोमवार सुबह गाजियाबाद के डासना मंदिर में यति नरसिंहानंद सरस्वती ने उन्हें सनातन धर्म में शामिल कराया. वसीम … Read more

POLICE CUSTODY और JUDICIAL CUSTODY में फर्क, आइये विस्तार से जानते है-

अभी जल्द ही उच्च न्यायलय ने अबू सलेम मामले में सुप्रीम कोर्ट के एक फैसले का हवाला देते हुए कहा कि भले ही शुरू में सलेम की हिरासत कानून के लिहाज से अनुचित थी, फिर भी अदालत ने जब सुनवाई के बाद सजा दे दिया तो उसकी हिरासत अवैध नहीं रहती है। इस मामले में … Read more

ड्रग्स में आजकल जिसकी सबसे ज्यादा चर्चा होती है, वह है ‘चिट्टा’, जानिए, ये चिट्टा आखिर है क्या-

यानी चिट्टा कोई एक ड्रग नहीं है। वह हेरोइन भी हो सकता है, मेथाम्फेटामीन भी, MDMA भी और LSD भी। इसलिए किसी को ड्रग्स के साथ पकड़ा जाए और वह सफेद रंग का हो तो यह लैब टेस्टिंग के बाद ही पता चल पाया है कि कौन सा सिंथेटिक ड्रग है। ये सिंथेटिक ड्रग्स हैं- … Read more

NDPS Act : कितनी मात्रा में ड्रग्स रखना कानूनन अपराध ? क्या है NCB, कैसे काम करती है ? बिना वारंट तलाशी और गिरफ्तारी का अधिकार, जाने विस्तार से-

Narcotics Drugs and Psychotropic Substances Act, 1985 NDPS Act की धारा 42 के तहत अधिकारी को बगैर किसी वारंट या अधिकार पत्र के तलाशी लेने, मादक पदार्थ जब्त करने और गिरफ्तार करने का भी अधिकार है. NDPS Act Explained : क्रूज पर रेव पार्टी के दौरान ड्रग्स का सेवन करने, रखने, खरीदने-बेचने के आरोप में … Read more

“साक्षी” “न्याय प्रणाली की आंख और कान हैं”, अतः गवाहों की सुरक्षा के लिए ‘गवाह सुरक्षा योजना, 2018’-

जघन्य अपराधों के मामले में साक्षी अपनी जान माल के खतरे के कारण मुकर जाते हैं – सुप्रीम कोर्ट ने महेन्द्र चावला व अन्य बनाम भारत संघ व अन्य रिट पेटीशन( क्रिमिनल) नं. 156 सन 2016 में फैसला देते हुए गवाहों की सुरक्षा के लिए गवाह सुरक्षा योजना, 2018 को मंज़ूरी दे दी है। जेरेमी … Read more

“Life Imprisonment” उम्रकैद या आजीवन कारावास : जाने विस्तार से-

“Imprisonment for life” ना 20 साल ना 14 साल और ना ही दिन और रात मिलाकर 14 साल की जगह 7 साल। क्योंकि जेल में भी एक दिन का मतलब 24 घंटे से ही होता है। “Life Imprisonment” उम्रकैद, आजीवन कारावास को लेकर लोगों में बड़ा कन्फ्यूज़न है। मसलन आजीवन कारावास की समय सीमा को … Read more