Hindu Minority मामले में केंद्र सरकार ने नहीं दिया जवाब, सुप्रीम कोर्ट ने जताई नाराजगी-

Supreme Court शीर्ष अदालत ने सोमवार को हिंदू अल्पसंख्यक मामले में केंद्र सरकार की ओर से जवाबी हलफनामा दाखिल नहीं करने पर नाराजगी जताई है। सर्वोच्च न्यायालय ने कहा कि केंद्र सरकार Central Government को इस मुद्दे पर एक स्टैंड लेना होगा। उच्चतम न्यायालय ने सोमवार को हिंदू अल्पसंख्यक मामले में केंद्र सरकार Central Government … Read more

उच्च न्यायालय: तलाक के मामलों में कानून हिंदू, मुस्लिम, ईसाई या धर्मनिरपेक्ष क्रूरता को मान्यता नहीं दे सकता-

“I take you to be my wife/husband, to have and to hold, from this day forward, for better,for worse, for richer, for poorer, in sickness and in health, to love and to cherish, till death us do part, according to God’s Holy law, in the presence of God, I make this vow.” कोर्ट ने स्पष्ट … Read more

सुप्रीम कोर्ट का बार कौंसिल ऑफ़ इंडिया को निर्देश, कहा वकीलों की गुणवत्ता बनाए रखने के लिए प्रवेश नियंत्रित करें-

उच्चतम न्यायालय ने लॉ स्कूलों LAW Schools पर भी कड़ी जांच पर दिया जोर – Supreme Court शीर्ष अदालत ने बीसीआई (BCI) के वकील से कहा कि पेशे में प्रवेश करने वाले लोगों की गुणवत्ता निर्धारित करने के लिए प्रवेश को नियंत्रित करें। कोर्ट ने मामले की अगली सुनवाई 22 फरवरी तय की है। सर्वोच्च … Read more

सुप्रीम कोर्ट: उच्च न्यायालय के पास शक्तियां हैं, परंतु बरी करने के फैसले को दोषसिद्धि में नहीं बदल सकता-

Supreme Court of India सुप्रीम कोर्ट मद्रास उच्च न्यायालय Madras High Court के एक आदेश के खिलाफ दायर एक अपील पर सुनवाई कर रही थी, जिसे दंड प्रक्रिया संहिता (Criminal Procedure Code) की धारा 401 के तहत अपने पुनरीक्षण अधिकार क्षेत्र का इस्तेमाल करते हुए प्रथम अपीलीय न्यायालय द्वारा पारित बरी करने के आदेश को … Read more

कलकत्ता उच्च न्यायालय: क्या किशोर अग्रिम जमानत के लिए आवेदन कर सकते है? विचार करने के लिए बड़ी पीठ को भेजा, जानिए विस्तार से

कलकत्ता उच्च न्यायालय ने गुरुवार को क्रिमिनल प्रोसीजर कोड अंतरगर्त धारा 438 एक किशोर द्वारा दायर अग्रिम जमानत याचिका के मुद्दे पर विचार करने के लिए एक बड़ी पीठ को संदर्भित किया। सुनवाई के दौरान न्यायमूर्ति अरिजीत बनर्जी और न्यायमूर्ति बिवास पटनायक की खंडपीठ ने निर्णय सुनाया था कि इस तरह का आवेदन विचारणीय है। … Read more

सुप्रीम कोर्ट: अपीलकर्ता के सजा पूर्ण करने के बाद भी आपराधिक अपील ख़ारिज नहीं किया जा सकता है-

SUPREME COURT सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि दोषसिद्धि के खिलाफ अपील को केवल इसलिए खारिज नहीं किया जा सकता है कि दोषी अपीलकर्ता ने ट्रायल कोर्ट द्वारा दी गई सजा को पूरा कर लिया है। न्यायमूर्ति दिनेश माहेश्वरी और न्यायमूर्ति विक्रम नाथ की पीठ ने कहा कि अपील को केवल इसलिए खारिज नहीं किया जा … Read more

सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि उच्च न्यायालयों को Article 226 रिट पेटिशन का निपटारा करते समय चुनौती देने के आधार पर अपना दिमाग लगाना चाहिए-

सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार 13 .01.2022 को उड़ीसा हाईकोर्ट Orissa High Court के आदेश का विरोध करने वाली एक विशेष अनुमति याचिका Special leave Petition पर विचार करते हुए कहा कि, भारतीय संविधान के अनुच्छेद 226 Article 226 of Indian Constitution के तहत दायर याचिका Petition पर विचार करते हुए हाईकोर्ट को याचिका में दी … Read more

सुप्रीम कोर्ट: संविधान पीठ का महत्वपूर्ण निर्णय, अग्रिम जमानत में तय समयसीमा जरूरी नहीं-

जस्टिस अरुण मिश्रा, जस्टिस इंदिरा बनर्जी, जस्टिस विनीत सरन, जस्टिस एम आर शाह और जस्टिस एस रविंद्र भट की संविधान पीठ ने कहा कि अग्रिम जमानत सामान्य तौर पर तब तक समाप्त नहीं किए जाने की जरूरत है जब तक अदालत द्वारा उसे समन किया जाए या आरोप तय किए जाएं. हालांकि यह अदालत पर निर्भर है … Read more

आपराधिक मामलों के संदर्भ में सर्वाधिक प्रचलित शब्द ज़मानत Bail है, जानिए क्या है “जमानत” का कानून!

आपराधिक मामलों के संदर्भ में सर्वाधिक प्रचलित शब्द ज़मानत होता है। जब भी कोई व्यक्ति किसी प्रकरण में अभियुक्त बनाया जाता है और अन्वेषण (Investigation), जांच (Inquiry) और विचारण (Trial) के लंबित रहते हुए उस व्यक्ति को कारावास में रखा जाता है तब ज़मानत शब्द, उस अभियुक्त के लिए सबसे अधिक उपयोग में लाया जाता … Read more

वाराणसी से वाडिप्पट्टि तक ‘गायें पवित्र’ हैं, कोई उनका मजाक उड़ाने की हिम्मत नहीं कर सकता – हाईकोर्ट

उच्च न्यायलय ने कहा कि देशभर में राष्ट्रीय सुरक्षा ‘परम पवित्र गाय’ है. अदालत ने एक व्यक्ति के खिलाफ दर्ज पुलिस की प्राथमिकी(FIR) रद्द करते हुए यह टिप्पणी की. अदालत ने कहा, ‘प्राथमिकी(FIR) दर्ज करना ही बेतुका और कानूनी प्रक्रिया का दुरुपयोग है. इसे रद्द किया जाता है.’ अदालत ने पश्चिम बंगाल में टैगोर, तमिल … Read more