Hindu Marriage Act के तहत Divorce को उचित ठहराने के लिए मानसिक विकार का होना पर्याप्त नहीं मानसिक असंतुलन की डिग्री साबित होनी चाहिए: इलाहाबाद हाईकोर्ट

lko HC

इलाहाबाद उच्च न्यायालय लखनऊ खंडपीठ ने हाल ही में कहा कि मानसिक विकार की उपस्थिति, चाहे वह कितनी भी गंभीर क्यों न हो, हिंदू विवाह अधिनियम Hindu marriage Act के तहत विवाह विच्छेद को उचित ठहराने के लिए पर्याप्त नहीं है। हिंदू विवाह अधिनियम Hindu marriage Act की धारा 13(1)(iii) के अनुसार यदि दूसरा पति … Read more

Muslim और Hindu समुदाय के बीच विवाह को धार्मिक संहिताओं के तहत अनुमति नहीं, विवाह Special Marriage Act Sec 4 के अनुसार मान्य नहीं – HC

Jabalpur Mp High Court november 24

Madhya Pradesh High Court Important Decision : मध्य प्रदेश हाईकोर्ट के Chief Justice सुरेश कुमार कैथ और जस्टिस विवेक जैन की डिवीजन बेंच ने इंदौर निवासी युवती और जबलपुर के हसनैन अंसारी की शादी से जुड़े मामले में अहम फैसला सुनाया है. कोर्ट ने सिंगल बेंच के आदेश पर फिलहाल रोक लगा दी है, जो … Read more

मद्रास हाईकोर्ट ने कहा की ‘हिंदू विवाह अधिनियम’ के अनुसार पति को बच्चे को देखने का पूरा अधिकार, भले ही वो अलग-अलग रह रहे हों

मद्रास हाईकोर्ट का फैसला: हिंदू और ईसाई के बीच हिंदू रीति-रिवाजों से विवाह वैध नहीं

मद्रास हाईकोर्ट ने एक वैवाहिक विवाद के मामले में अलग रह रहे पति जो बच्ची का पिता है को राहत प्रदान की. हाई कोर्ट ने पिता को अपनी बच्ची से मिलने का मौका प्रदान किया. पति-पत्नि विवाद के बाद अलग रह रहे हैं. इस मामले में बच्ची अपनी मां के साथ रह रही है और … Read more

ट्रिपल तलाक़ मामले में मद्रास हाई कोर्ट ने कहा कि अगर पहली शादी वैध रहते दूसरी शादी करना हिंदू धर्म में क्रूरता है तो मुस्लिमों में क्यों नहीं माना जाना चाहिए

मद्रास हाईकोर्ट का फैसला: हिंदू और ईसाई के बीच हिंदू रीति-रिवाजों से विवाह वैध नहीं

मद्रास हाई कोर्ट की मदुरै बेंच ने एकतरफा तीन तलाक देने को लेकर कहा कि शौहर की तरफ से तलाक दिए जाने को अगर बीवी ठुकरा रही है तो फिर कोर्ट के जरिए दिलाया गया तलाक ही मान्य होगा। ‘ट्रिपल तलाक’ को सरकार के द्वारा अवैध करार देने के बाद भी कुछ मुस्लिम कट्टरपंथी मानसिकता … Read more

विधवा बहू का भरण-पोषण पाने का अधिकार उसके वैवाहिक घर में रहने पर निर्भर नहीं, वह अपने ससुर से भरण-पोषण पाने की हकदार- इलाहाबाद हाई कोर्ट

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने जेल अधीक्षक की पेंशन में 10% कटौती को रद्द किया, कहा – "यह कदाचार नहीं है"

इलाहाबाद हाई कोर्ट ने आगरा के एक परिवार से जुड़े मामले की सुनवाई करते हुए कहा कि गुजारा भत्ता लेने के लिए किसी विधवा को ससुराल में रहना जरूरी नहीं है। एक महिला विधवा होने पर अपने माता-पिता के साथ रह सकती है और इस स्थिति में भी वह अपने ससुर से गुजारा भत्ता पाने … Read more

पहले ये साबित करे पत्नी लाइलाज मानसिक बीमारी से गुजर रही है, तब मिलेगा तलाक : इलाहाबाद हाईकोर्ट

ALLAHABAD HC

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने पागलपन के आधार पर पत्नी से तलाक के लिए दाखिल की गई एक अपील खारिज कर दी. इस पर कोर्ट ने कहा कि पत्नी पढ़ी-लिखी महिला है. इसने ग्रैजुएशन की पढ़ाई पूरी की है. याचिका में ऐसा कोई तथ्य या सबूत नहीं दिया गया, जिससे ये अदालत पिछली कोर्ट के आदेश में … Read more

क्या हिंदू विवाह अधिनियम, 1955 की धारा 24 और 25 के तहत विवाह को शून्य घोषित किए जाने पर गुजारा भत्ता दिया जा सकता है? सुप्रीम कोर्ट ने मामले को तीन न्यायाधीशों की पीठ को भेजा

Supreme Court Black And White Coloure

सुप्रीम कोर्ट ने यह मुद्दा कि क्या हिंदू विवाह अधिनियम, 1955 की धारा 24 और 25 के तहत विवाह को शून्य घोषित किए जाने पर गुजारा भत्ता दिया जा सकता है, न्यायालय की तीन न्यायाधीशों की पीठ को भेज दिया है। न्यायमूर्ति विक्रम नाथ और न्यायमूर्ति पीबी वराले की पीठ ने आदेश दिया है, “पक्षों … Read more

परित्याग बिना किसी उचित कारण के : सुप्रीम कोर्ट ने तलाक आदेश द्वारा विवाह को भंग कर दिया, पति-पत्नी को भरण-पोषण भत्ता के रूप में ₹30 लाख देने का निर्देश दिया

याचिकाकर्ताओं के अनुसार, यति नरसिंहानंद का अल्पसंख्यक समुदाय को निशाना बनाकर सांप्रदायिक बयान देने का इतिहास रहा है

सर्वोच्च न्यायालय ने हिंदू विवाह अधिनियम, 1955 की धारा 13(1)(ib) के तहत तलाक का आदेश पारित किया है, क्योंकि पत्नी ने फिर से साथ रहने की इच्छा नहीं दिखाई और पति ने बिना किसी उचित कारण के पति को छोड़ दिया। न्यायमूर्ति अभय एस ओका और न्यायमूर्ति उज्जल भुयान की खंडपीठ ने कहा, “इसलिए, कम … Read more

नौकरी के कारण लंबे समय तक अलगाव के बाद भी पत्नी का पति के वृद्ध मां की देखभाल करना दर्शाता है कि वह विवाह के प्रति समर्पित है, तलाक याचिका को खारिज – HC

तत्काल प्रभाव से यूपी लोक सेवा अधिकरण

इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने तलाक याचिका को खारिज करने के फैसले को बरकरार रखते हुए कहा कि पक्षों के बीच विवाह को केवल अलगाव की अवधि के कारण पूरी तरह से टूटा हुआ नहीं कहा जा सकता। वर्तमान प्रथम अपील, पारिवारिक न्यायालय अधिनियम, 1984 की धारा 19 के तहत दायर की गई है, जो कि … Read more

पत्नी द्वारा समझौते का अनुपालन नहीं करने और मध्यस्थता शर्तों की अनदेखी करने के बाद SC ने दिया तलाक का आदेश

“पत्नी ने मध्यस्थ के समक्ष किए गए समझौते का लाभ उठाया और पति द्वारा दायर वैवाहिक मामले को वापस लेने में कामयाब रही तथा स्थायी गुजारा भत्ते के रूप में पति से 50 लाख रुपये की राशि भी स्वीकार कर ली।” सुप्रीम कोर्ट ने याचिकाकर्ता-पत्नी द्वारा प्रतिवादी-पति द्वारा हिंदू विवाह अधिनियम, 1955 की धारा 9 … Read more