शीर्ष अदालत ने – वकीलों की हड़ताल और बहिष्कार को रोकने के लिए बार काउंसिल ऑफ इंडिया ने नियम बनाने का प्रस्ताव रखा

बार काउंसिल ऑफ इंडिया (BCI) ने शीर्ष अदालत (SUPREME COURT) से उन वकीलों को दंडित करने के लिए नियम बनाने को कहा है जो कथित रूप से हड़ताल (STRIKE) में शामिल थे। उन वकीलों (ADVOCATES) ने कार्रवाई करने का भी प्रस्ताव रखा, जिसने अन्य वकीलों को अदालती कार्यवाही में भाग लेने से इनकार करते हुए … Read more

वकीलों को वरिष्ठ का दर्जा देने संबंधी याचिकाओं को सूचीबद्ध करने पर विचार करेंगे: न्यायालय

उच्चतम न्यायालय ने सोमवार को कहा कि वकीलों को वरिष्ठ अधिवक्ता का दर्जा देने के लिए कुछ उच्च न्यायालयों द्वारा एक नियम के रूप में ‘मनमाने एवं भेदभावपूर्ण’ गोपनीय मतदान के इस्तेमाल से जुड़ी याचिकाओं को सूचीबद्ध करने पर वह विचार करेगा। न्यायालय ने कहा कि एक या दो हफ्ते में ‘कुछ बदलाव’ हो सकता … Read more

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कोर्ट में हंगामा करने और जजों को ‘गुंडा’ कहने वाले वकील के खिलाफ तय किए अवमानना के आरोप-

इलाहाबाद हाईकोर्ट

इलाहाबाद उच्च न्यायालय के लखनऊ बेंच ने पिछले हफ्ते दुर्भाग्यपूर्ण दृश्य देखा जब एक वकील, अशोक पांडे, सिविल ड्रेस में बिना बटन का शर्ट पहनकर कोर्ट रूम में आया और न्यायाधीशों के खिलाफ अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया और कहा कि न्यायाधीश ‘गुंडों’ की तरह व्यवहार कर रहे हैं। न्यायमूर्ति रितु राज अवस्थी और न्यायमूर्ति … Read more

कॉलेजियम ने उच्चतम न्यायालय में नियुक्ति के लिए नौ नामों की सिफारिश की-

तीन महिला न्यायाधीश के साथ न्यायमूर्ति विक्रम नाथ का नाम कॉलेजियम ने उच्चतम न्यायालय में नियुक्ति के लिए भेजे- नयी दिल्ली : भारत के प्रधान न्यायाधीश (सीजेआई) एन वी रमण की अध्यक्षता वाले उच्चतम न्यायालय के कॉलेजियम के शीर्ष अदालत में न्यायाधीश के रूप में नियुक्ति के लिए नौ नामों की सिफारिश की है। सूत्रों … Read more

न्यायाधीशों की नियुक्ति प्रक्रिया पर मीडिया में अटकलें, बेहद दुर्भाग्यपूर्ण खबरें : प्रधान न्यायाधीश

नयी दिल्ली : प्रधान न्यायाधीश एन वी रमण ने बुधवार को उच्चतम न्यायालय में न्यायाधीशों की नियुक्ति के संदर्भ में कॉलेजियम की बैठक के बारे में मीडिया में कुछ “अटकलों और खबरों” को “बेहद दुर्भाग्यपूर्ण” करार दिया। प्रधान न्यायाधीश ने न्यायमूर्ति नवीन सिन्हा की सेवानिवृत्ति के अवसर पर आयोजित एक रस्मी कार्यक्रम में कहा कि … Read more

जुडिशल ऑफिसर्स के सुरक्षा को लेकर हलफनामा दायर नहीं होने पर शीर्ष अदालत सख्त-

अदालत ने कहा लगेगा राज्यों पर एक-एक लाख रुपये का जुर्माना- शीर्ष अदालत (Supreme Court) सभी न्यायिक अधिकारियों (जुडिशल ऑफिसर्स) को एक्स श्रेणी की सुरक्षा मुहैया कराने की मांग वाली याचिका पर 17 अगस्त यानी आज को सुनवाई कर रही है. सुनवाई के दौरान जजों और ज्यूडिशियल ऑफिसर्स की सुरक्षा को लेकर सुप्रीम कोर्ट में … Read more

उच्च न्यायलय ने कहा कि ‘महिला अधिकारी द्वारा ऑडियो-वीडियो माध्यम से पीड़िता के बयान को दर्ज किया जाना चाहिए’-

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने जेल अधीक्षक की पेंशन में 10% कटौती को रद्द किया, कहा – "यह कदाचार नहीं है"

इलाहाबाद उच्च न्यायलय ने Cr.P.C की धारा 161(3) के प्रावधानों के अनुपालन के निर्देश दिए- इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने कहा कि अधिकांश मामलों में सीआरपीसी की धारा 161 (3) का पहला और दूसरा प्रावधान जो एक महिला अधिकारी द्वारा ऑडियो-वीडियो माध्यम से यौन अपराधों की पीड़िता के बयान की रिकॉर्डिंग को अनिवार्य करता है, सही … Read more

फर्जी वकालतनामा को लगा कर के जमानत की सुनवाई में मिलीभगत – इलाहाबाद उच्च न्यायलय

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने वकालत के ‘नैतिक मूल्यों में गिरावट’ की निंदा की- इलाहाबाद उच्च न्यायलय के समक्ष एक जमानत याचिका पर सुनवाई के दौरान यह पता चला कि आरोपी और शिकायतकर्ता की ओर से पेश होने वाले वकील मिलीभगत से काम कर रहे हैं। इसमें शिकायतकर्ता के वकील ने आरोपी के वकील के निर्देश पर … Read more

प्राथमिकी रद्द करना- मेरिट की विस्तृत जांच सीआरपीसी की धारा 482 के तहत जरूरी नहीं, शीर्ष अदालत ने दोहराया

शीर्ष अदालत ने एक बार फिर कहा है कि आपराधिक प्रक्रिया संहिता (Cr.P.C.) की धारा 482 के तहत अधिकार क्षेत्र का प्रयोग करते हुए आरोपों के गुण-दोषों (Merit) की विस्तृत जांच जरूरी नहीं है। न्यायमूर्ति डी वाई चंद्रचूड़ और न्यायमूर्ति एमआर शाह की पीठ ने कहा कि आपराधिक प्रक्रिया संहिता की धारा 482 के तहत … Read more

न्यायालय का आईटी अधिनियम की रद्द धारा 66ए के तहत मुकदमे दर्ज किए जाने पर राज्यों को नोटिस

उच्चतम न्यायालय ने सोमवार को एक गैर सरकारी संगठन के उस आवेदन पर राज्यों, केंद्र शासित प्रदेशों और सभी उच्च न्यायालयों को नोटिस जारी किये जिसमें कहा गया है कि सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की रद्द हो चुकी धारा 66ए के तहत अब भी लोगों के खिलाफ मामले दर्ज किए जा रहे हैं। उच्चतम न्यायालय ने … Read more