मालेगांव विस्फोट मामला: एनआईए कोर्ट ने सभी 7 आरोपियों को बरी किया, सबूतों के अभाव में आया फैसला

Malegaon blast case

Malegaon blast case: NIA court acquitted all 7 accused, decision came due to lack of evidence मुंबई की एनआईए स्पेशल कोर्ट ने 2008 के मालेगांव बम विस्फोट मामले में सभी सात आरोपियों को बरी कर दिया है। अदालत ने कहा कि अभियोजन पक्ष आरोपों को “संदेह से परे” सिद्ध करने में विफल रहा। अदालत ने … Read more

सिर्फ भौतिक जब्ती न होना ज़मानत का आधार नहीं — मुद्रा पोर्ट ड्रग केस में सुप्रीम कोर्ट ने ज़मानत याचिका खारिज की

सुप्रीम कोर्ट

⚖️ “सिर्फ भौतिक जब्ती न होना ज़मानत का आधार नहीं” — मुद्रा पोर्ट ड्रग केस में सुप्रीम कोर्ट ने ज़मानत याचिका खारिज की सुप्रीम कोर्ट ने गुजरात के मुद्रा पोर्ट ड्रग तस्करी मामले के एक आरोपी को ज़मानत देने से इनकार कर दिया, यह कहते हुए कि यद्यपि आरोपी से प्रत्यक्ष रूप से कोई हेरोइन … Read more

आतंकवाद की कोई क्षेत्रीय सीमा नहीं, लेकिन धार्मिक वर्चस्व प्राप्त करने के लिए कट्टरपंथियों द्वारा आतंकवादी गतिविधियाँ की जाती हैं – कर्नाटक उच्च न्यायालय

कर्नाटका हाई कोर्ट

कर्नाटक उच्च न्यायालय ने टिप्पणी की कि, यदि धार्मिक वर्चस्व प्राप्त करने के लिए कट्टरपंथियों द्वारा आतंकवादी गतिविधियाँ की जाती हैं, तो ऐसी मानसिकता वाले लोगों को मुसीबत में पड़ने पर खुद को दोषी मानना ​​चाहिए। न्यायालय ने गैरकानूनी गतिविधियाँ (रोकथाम) अधिनियम, 1967 (यूएपीए) की धारा 45 के तहत पारित मंजूरी आदेश को रद्द करने … Read more

धारा 124 A और Unlawful Activities (Prevention) Act के कुछ हिस्से को खत्म करे सुप्रीम कोर्ट – जस्टिस नरीमन

जस्टिस नरीमन ने कहा कि Unlawful Activities (Prevention) Act (UAPA) अंग्रेजों का कानून है, क्योंकि इसमें कोई अग्रिम जमानत नहीं है और इसमें न्यूनतम 5 साल की कैद है. यह कानून अभी भी समीक्षा के दायरे में नहीं है. देशद्रोह कानून के साथ इस पर भी विचार किया जाना चाहिए. सुप्रीम कोर्ट SUPREME COURT के … Read more