एक व्यक्ति जो समझौता डिक्री में पक्षकार नहीं था, वह समझौता डिक्री को रद्द करने के लिए स्वतंत्र मुकदमा दायर करने का हकदार है: HC
कर्नाटक उच्च न्यायालय ने माना कि एक व्यक्ति जो समझौता डिक्री में पक्षकार नहीं था, वह समझौता डिक्री को रद्द करने के लिए एक स्वतंत्र मुकदमा दायर करने का हकदार है। वरिष्ठ सिविल न्यायाधीश के आदेश के खिलाफ सिविल प्रक्रिया संहिता (सीपीसी) की धारा 115 के तहत न्यायालय की धारवाड़ पीठ के समक्ष एक याचिका … Read more