धारा 142 NI Act के तहत कोई आदेश पारित किए बिना धारा 138 परक्राम्य लिखत अधिनियम के तहत कार्यवाही अनुचित – मद्रास उच्च न्यायलय

मद्रास उच्च न्यायलय

धारा 482 सीआरपीसी के तहत मद्रास उच्च न्यायलय के समक्ष आपराधिक मूल याचिका दायर की गई जिसमें विद्वान न्यायिक मजिस्ट्रेट, हरुर की फाइल पर एसटीसी संख्या 1607/2019 के रिकॉर्ड को मंगाने और उसे रद्द करने की प्रार्थना की गई। न्यायमूर्ति जीके इलानथिरायन ने सुनवाई करते हुए कहा की प्रस्तुत उनकी याचिका विद्वान न्यायिक मजिस्ट्रेट, हरुर … Read more

धारा 142 के साथ धारा 138 NI Act के तहत आपराधिक मामले में Supreme Court ने कहा कि ‘शादी का झूठा वादा करके बलात्कार नहीं किया जा सकता’ फिर FIR समेत सभी कार्यवाहियों को रद्द किया

धारा 142 के साथ धारा 138 NI Act के तहत आपराधिक मामले में Supreme Court ने कहा कि 'शादी का झूठा वादा करके बलात्कार नहीं किया जा सकता'

सर्वोच्च न्यायालय ने बलात्कार के एक मामले को यह देखते हुए खारिज कर दिया कि दोनों पक्ष वयस्क होने के नाते शिकायत दर्ज होने से पहले वर्षों तक सहमति से संबंध बनाए थे, जिसमें आरोप लगाया गया था कि शादी करने का वादा करने से मुकर गए थे। सर्वोच्च न्यायालय एक स्थानांतरण याचिका पर विचार … Read more